पितृपक्ष में घात चतुर्दशी का क्या अर्थ है?
पितृपक्ष में घात चतुर्दशी उस विशेष दिन को कहा जाता है जो असामान्य या आकस्मिक मृत्यु से जुड़े पूर्वजों के लिए माना जाता है — जैसे दुर्घटना, हिंसा, डूबना, सर्पदंश या अचानक बीमारी। “घात” का अर्थ विनाशकारी या अचानक हुई घटना से है। ऐसी मृत्यु में आत्मा को विशेष शांति की आवश्यकता मानी जाती है। इसलिए चतुर्दशी श्राद्ध में शांति पाठ और अतिरिक्त मंत्रों के माध्यम से अशांत आत्मा को शांत कर पितृ लोक की ओर आगे बढ़ाने का भाव रखा जाता है।
क्या यह उपयोगी था?
व्हाट्सऐप पर अगला प्रश्न पूछें