संगम में नदी के मध्य सटीक स्थान तक श्रद्धालु कैसे पहुँचते हैं?
- श्रद्धालु निर्धारित घाटों (जैसे किला घाट, संगम घाट) से नावें किराए पर लेते हैं। ये नावें आपको संगम क्षेत्र तक ले जाती हैं।
- व्यस्त समय में, विशेषकर मेला अवधि के दौरान, संगम क्षेत्र के उथले भागों में अस्थायी मंच (पोंटून या लकड़ी की संरचनाएँ) बनाए जाते हैं, जहाँ जलप्रवाह नियंत्रणीय होता है। इन मंचों पर अनुष्ठान आराम से संपन्न किए जा सकते हैं।
- कभी-कभी, विशेषकर जब समूह छोटा हो या भीड़ कम हो, अनुष्ठान सीधे नाव पर ही किए जा सकते हैं — पंडित जी पूरी प्रक्रिया का मार्गदर्शन करते हैं। नाविक नाव को उचित स्थान पर रखने में अनुभवी होते हैं।
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