गयावाल पंडा कैसे तय करते हैं कि पिंड दान में किन पितरों का आह्वान करना है?
पिंडदान के संकल्प और आह्वान के लिए पुरोहित परिवार से दिवंगत परिजनों के नाम, संबंध, ज्ञात गोत्र और उपलब्ध मृत्यु-तिथि पूछते हैं। माता-पिता, दादा-दादी और अन्य परिजनों का जो विवरण ज्ञात हो, वही सही-सही दें।
कुछ पुरोहित परिवार उपलब्ध पुरानी बहियों से भी संदर्भ लेते हैं। अज्ञात नाम वाले पूर्वजों के लिए अपनी परंपरा के अनुसार सामूहिक पितृ-स्मरण का संकल्प किया जा सकता है। मातृ और पितृ पक्ष के किन परिजनों तथा कितनी पीढ़ियों का उल्लेख होगा, यह चुने गए संस्कार और पारिवारिक परंपरा से तय होता है; एक ही संख्या हर विधि पर लागू नहीं होती।
गोत्र या नाम अज्ञात हो तो अनुमान से जानकारी न भरें; पुरोहित को पहले बताएँ। Prayag Pandits अभिलेख खोजने की सेवा नहीं देता और अनुष्ठान परिवार द्वारा दी गई ज्ञात जानकारी के आधार पर तय करता है।
पिंड दान कराना है?
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